मृदा स्वास्थ्य कार्ड (Soil Health Card) क्या है? ऑनलाइन आवेदन, रिपोर्ट और लाभ
खेती में अधिक उत्पादन और कम लागत के लिए मिट्टी की सही जानकारी होना बेहद जरूरी है। इसी उद्देश्य से सरकार द्वारा Soil Health Card (SHC) योजना चलाई जा रही है, जिसके तहत किसानों को उनकी मिट्टी की जांच रिपोर्ट और खाद सिफारिश दी जाती है।

इस लेख में Soil Health Card Portal, ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया, रिपोर्ट समझने का तरीका और किसानों को मिलने वाले लाभ की पूरी जानकारी दी गई है।
🌱 Soil Health Card (मृदा स्वास्थ्य कार्ड) क्या है?

Soil Health Card एक सरकारी दस्तावेज होता है, जिसमें किसान की मिट्टी में मौजूद पोषक तत्वों की जानकारी दी जाती है, जैसे: नाइट्रोजन (N),फास्फोरस (P),पोटाश (K),जिंक, सल्फर आदि सूक्ष्म तत्व,मिट्टी का pH स्तर
👉 इसी रिपोर्ट के आधार पर किसान को कितनी और कौन-सी खाद डालनी है, इसकी सलाह दी जाती है।
🎯 Soil Health Card योजना का उद्देश्य
मिट्टी की उर्वरता बनाए रखना
अनावश्यक खाद खर्च कम करना
उत्पादन और गुणवत्ता बढ़ाना
संतुलित उर्वरक उपयोग को बढ़ावा देना
👨🌾 Soil Health Card के लाभ
✔ फसल के अनुसार सही खाद की जानकारी
✔ उत्पादन में वृद्धि
✔ लागत में कमी
✔ मिट्टी की सेहत लंबे समय तक बनी रहती है
✔ सरकारी कृषि सलाह तक आसान पहुंच
🧪 Soil Health Card में कौन-कौन सी जांच होती है?
मिट्टी का pH
कार्बनिक पदार्थ (Organic Carbon)
नाइट्रोजन, फास्फोरस, पोटाश
जिंक, आयरन, बोरॉन, सल्फर
👉 यह जांच KVK / कृषि विभाग की लैब में की जाती है।
🖥️ Soil Health Card Portal से ऑनलाइन जानकारी कैसे देखें?

STEP-1 अपने मोबाइल या कंप्यूटर में ब्राउज़र खोलें।
STEP-2 Soil Health Card की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएँ: https://soilhealth.dac.gov.in
STEP-3 होमपेज पर Farmer Corner / View Soil Health Card विकल्प चुनें।
STEP-4 अब इनमें से कोई एक विवरण दर्ज करें:मोबाइल नंबर//आधार नंबर/Soil Health Card नंबर
STEP-5 Submit करते ही आपकी मिट्टी जांच रिपोर्ट स्क्रीन पर दिखाई देगी।
📄 Soil Health Card कैसे बनवाएं?
1️⃣ नजदीकी कृषि विभाग / KVK / CSC केंद्र से संपर्क करें
2️⃣ मिट्टी का नमूना (Soil Sample) लिया जाएगा
3️⃣ लैब जांच के बाद Soil Health Card तैयार होगा
4️⃣ रिपोर्ट किसान को दी जाएगी या पोर्टल पर उपलब्ध होगी
🧠 Soil Health Card रिपोर्ट कैसे समझें? (Expert Tip)
Low (कम) → उस तत्व की खाद बढ़ानी चाहिए
Medium (मध्यम) → संतुलित मात्रा रखें
High (अधिक) → उस खाद की मात्रा कम करें
👉 इससे फसल को सही पोषण मिलता है और नुकसान नहीं होता।
🔗 Soil Health Card और अन्य किसान पोर्टल
Soil Health Card के साथ किसान इन पोर्टलों का भी उपयोग कर सकते हैं:
UP Farmer Registration Portal – किसान पंजीकरण
PM Kisan Yojana – आर्थिक सहायता
UP Mandi Bhav Portal – फसल का बाजार भाव
👉उत्तर प्रदेश गन्ना DBT पोर्टल क्या है? ऑनलाइन उपयोग की पूरी जानकारी
⚠️ किसानों के लिए जरूरी सलाह
हर 2–3 साल में मिट्टी जांच जरूर कराएं,बिना Soil Health Card के अधिक खाद न डालें
रिपोर्ट के अनुसार ही उर्वरक प्रयोग करें

🟢 निष्कर्ष
Soil Health Card किसानों के लिए एक अत्यंत उपयोगी योजना है, जिससे वे अपनी मिट्टी की स्थिति जानकार खेती कर सकते हैं। सही मात्रा मे खाद डाल कर किसान कम लागत में अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं।
